बॉलीवुड में अपने प्रशंसनीय अभिनय से लाखों दिलों पर छाप छोड़ जाने वाले कुछ अभिनेताओं में से एक दिग्गज अभिनेता थे, ऋषि कपूर। जिन्होंने दो साल कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से लड़ाई की। परंतु 30 अप्रैल को उनका निधन हो गया और बॉलीवुड की दुनिया ने अपना एक रोशन सितारा खो दिया। उनके अचानक निधन से भारत के ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के कोने-कोने  में मौजूद, उनके फैंस, दुखी है।

भारत के पड़ोसी देश पाकिस्तान में बॉलीवुड को पसंद करने वाले बहुत फैंस है। आप सोच रहे होंगे की मैंने पाकिस्तान का जिक्र क्यों किया, तो मैं आपको बता दूं कि पाकिस्तान और ऋषि कपूर का एक बहुत पुराना नाता रहा है, जिसे  बहुत ही कम लोग जानते होंगे। पाकिस्तान के पेशावर के किस्सा खवानी बाजार में आज भी कपूर खानदान की पुश्तैनी हवेली मौजूद है। आपको यह भी बताते चलें कि मशहूर अभिनेता दिलीप कुमार का घर भी इसी बाजार में मौजूद है और दिलीप साहब और राज कपूर पड़ोसी हुआ करते थे।

इस पुश्तैनी हवेली को “कपूर हवेली” के नाम से जाना जाता है। इस हवेली का निर्माण भारत-पाकिस्तान के बंटवारे से पहले  1918-1922 के बीच हुआ था। कपूर खानदान के महान अभिनेता पृथ्वीराज कपूर के पिताजी बशेश्वरनाथ ने इस हवेली की नींव रखी थी। पृथ्वीराज से लेकर राज कपूर तक का जन्म इसी हवेली में  हुआ। एक समय पर आलीशान दिखती यह 40 से 50 कमरों वाली यह हवेली की हालत अब नाजुक है। पहले यह हवेली पांच मंजिला हुआ करती थी, लेकिन भूकंप के बाद आई दरारों के कारण ऊपर के तीन मंजिल गिरा दिए गए।

हम सभी को अपने पूर्वजों से जुड़ी चीजों से हमेशा प्यार रहता है, और ऐसा ही प्यार ऋषि कपूर अपनी इस पुश्तैनी हवेली के प्रति रखा करते थे।सन 1990 में ऋषि इस हवेली को देखने पेशावर गए थे, तब वहां से वो इसकी मिट्टी अपने साथ लेकर भारत आए थे। वर्ष 2006  में किसी ने उन्हें उसी से जुड़ी एक बहुत पुरानी तस्वीर भेजी जिसे उन्होंने ट्विटर पर शेयर करते हुए उन्होंने लिखा:-

किसी ने मुझे यह भेजी तस्वीर में रणधीर और मैं पेशावर में कपूरी हवेली के बाहर खड़े दिख रहे हैं। जैसे की तस्वीर में दिख रहा है हमारा बहुत अच्छे से स्वागत हुआ ”।

साल 2018 ऋषि ने पाकिस्तान सरकार से इस हवेली को एक म्यूजियम में तब्दील करने की गुजारिश की, परंतु पाकिस्तानी सरकार आर्थिक तंगी के चलते इस हवेली को म्यूजियम में तब्दील करने से इंकार कर दिया है।

निधन से कुछ साल पहले 2017 में उन्होंने पाकिस्तान जाने की इच्छा जताई थी और एक ट्वीट में लिखते हुए कहा था कि

“ मैं  65 साल का हूं और मरने से पहले पाकिस्तान देखना चाहता हूं। मैं चाहता हूं कि मेरे बच्चे अपनी जड़े देखें “

वे हमेशा से चाहते थे कि उनके बेटे रणबीर कपूर जरूर देखें ताकि उन्हें पता चल सके कि कपूर खानदान की शुरुआत कहां से हुई थी।

मनुष्य की इच्छाएं कभी खत्म नहीं होती और यह भी सच है कि मनुष्य की सारी इच्छाएं पूरी भी नहीं होती। ऋषि कपूर की इच्छा थी कि उनकी आने वाली पीढ़ी अपनी विरासत को जरूर देखें, परंतु उनकी इच्छा पूरी ना हो सकी 2 साल बाद उनका निधन हो गया। ऋषि कपूर के अचानक निधन से बॉलीवुड में शोक की एक लहर है बड़े से बड़ा अभिनेता उनके निधन से आहत है, अमिताभ बच्चन ने यहां तक कह दिया कि वह ऋषि कपूर के अचानक निधन से शायद ही कभी उभर पाए।

इस आर्टिकल के माध्यम से हम ऋषि कपूर से जुड़ी कुछ रोचक तथ्य के बारे में जानते हैं और उनके परिवार को सांत्वना देते हैं क्योंकि उनके परिवार के लिए यह मुश्किल की घड़ी है। आप K4 Feed से फेसबुक, टि्वटर और इंस्टाग्राम के माध्यम से जुड़ सकते हैं। अपनी राय हमें कमेंट सेक्शन में जरूर बताएं और इस पोस्ट को शेयर करना ना भूले। микрозаймы онлайн