Category: अन्नदाता

  • श्री विधि से धान की खेती- किसान के फायदे का सौदा

    श्री विधि से धान की खेती- किसान के फायदे का सौदा

    भारत की बढ़ती हुई जनसंख्या का पेट पालने के लिए लिए देश का किसान दिन रात मेहनत करता है। आज हमारा देश खाद्यान्न के मामले में आत्मनिर्भर है। बड़ी मात्रा में हम खाद्यान्नों का निर्यात भी कर रहे हैं लेकिन अभी भी प्रति हेक्टेयर उत्पादन के हिसाब से हम बहुत पिछड़े हुए हैं। क्योंकि हमारे…

  • गोबर से लकड़ी बनाने वाली मशीन बनाकर सरदार सुखदेव सिंह बने किसानों के मददगार

    गोबर से लकड़ी बनाने वाली मशीन बनाकर सरदार सुखदेव सिंह बने किसानों के मददगार

    पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मेरठ जिले का मवाना शहर यूं तो एक छोटा शहर है इस शहर के अधिकांश लोग कृषि और उससे संबंधित उद्योगों से जुड़े हुए हैं। यह शहर मवाना चीनी मिल मे बनने वाली चीनी की मिठास के लिए जाना जाता है। इसी शहर में  रहने वाले 67 वर्षीय कृषि उपकरणों के…

  • जानिए कैसे "स्किल इनोवेशन" ने बनाई  किसानों की जिंदगी आसान

    जानिए कैसे "स्किल इनोवेशन" ने बनाई किसानों की जिंदगी आसान

    21वीं सदी में आज भी भारत एक कृषि प्रधान देश है। भारत की आधी से ज्यादा अर्थव्यवस्था आज भी कृषि से जुड़ी आय पर टिकी हुई है और कृषि क्षेत्र, भारत में सबसे ज्यादा रोजगार प्रदान करता है, पूरी जनसंख्या का 58%। भारत के कृषि व्यवसाय में महत्वपूर्ण खाद्य पदार्थ चावल और गेहूं है, इसके…

  • ड्रिप इरिगेशन प्रणाली को अपनाएं और अपनी फसलों की उत्पादक क्षमता को बढ़ाएं

    ड्रिप इरिगेशन प्रणाली को अपनाएं और अपनी फसलों की उत्पादक क्षमता को बढ़ाएं

    भारत एक कृषि प्रधान देश है। यहाँ आज भी करोड़ों लोग कृषि क्षेत्र में अपना योगदान देकर अपनी रोजी-रोटी कमाते हैं। भारत की आधी आबादी कृषि क्षेत्र में अपना रोजगार पाती है और कृषि क्षेत्र भारत की जीडीपी का 52% हिस्सा है। 21वीं सदी में जहां पूरा विश्व टेक्नोलॉजी के माध्यम से कृषि क्षेत्र में…

  • गन्ने की खेती से हर महीने लाखों कमाता है यह किसान, जानकर हैरान रह जाएंगे

    गन्ने की खेती से हर महीने लाखों कमाता है यह किसान, जानकर हैरान रह जाएंगे

    नमस्कार दोस्तो आपका स्वागत है। हमारे देश के पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी ने देश को ‘जय जवान, जय किसान’ का नारा दिया था। उन्होंने हमें बताया कि हमारे देश के उज्वल भविष्य के लिए किसानों का आगे बढ़ना बहुत जरूरी है। उनके इसी नारे को उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के पृथ्वी पाल…

  • लाल नहीं पीले रंग के पाइनएप्पल फ्लेवर वाले तरबूज में लाखों का मुनाफा: प्रगतिशील किसान श्याम पवार

    लाल नहीं पीले रंग के पाइनएप्पल फ्लेवर वाले तरबूज में लाखों का मुनाफा: प्रगतिशील किसान श्याम पवार

    समय कब कैसा रंग दिखाएगा, कोई नहीं जानता। ठंड के मौसम में हम सबने सोचा होगा कि गर्मियों में खूब मस्ती करेंगे, ठंडी जगहों पर घूमने जाएंगे, मीठे मीठे आम और तरबूज का सेवन करेंगे। लेकिन एक बीमारी ने सारे मंसूबों पर पानी फेर दिया। दुनिया के बढ़ते कदमों को थाम दिया। आम और तरबूज…

  • एक किलो का एक अमरूद और दाम है 500 रूपये!

    एक किलो का एक अमरूद और दाम है 500 रूपये!

    हमारे स्वास्थ्य के लिए फल और सब्जियां बराबर मात्रा में अति आवश्यक है। परंतु, अगर हम वैज्ञानिको के हिसाब से देखें, तो फल हमारे शरीर के लिए अति आवश्यक होते हैं। इसी वजह से हमें ज्यादा से ज्यादा फल खाने को भी कहा जाता है। फलों में ढेर सारे विटामिंस होते हैं। अधिक मात्रा में…

  • ललिता  मुकाती: भारत में जैविक खेती की प्रेरणा स्रोत

    ललिता मुकाती: भारत में जैविक खेती की प्रेरणा स्रोत

    1960 के दशक में भारत में ग्रीन रेवोलुशन यानी हरित क्रांति स्टार्ट हुई और 1970 आते-आते ग्रीन रिवॉल्यूशन पूरे भारत में फैल गया था। ग्रीन रिवॉल्यूशन के दौरान HYV  बीज, फर्टिलाइजर्स और कीटनाशकों का बहुत ज्यादा उपयोग हुआ। फर्टिलाइजर्स का उपयोग उत्पाद को बढ़ाने के लिए होता है, जिससे फसल जल्दी तैयार हो जाती है।…

  • पारंपरिक खेती छोड़, बागवानी खेती अपनाएं और लाखों कमाए!

    पारंपरिक खेती छोड़, बागवानी खेती अपनाएं और लाखों कमाए!

    भारत हमेशा से कृषि प्रधान देश रहा है और आज भी 21वीं सदी में जब पूरी दुनिया ग्लोबलाइजेशन से आर्थिक सफलता प्राप्त कर रही है, वहीं भारत ने कृषि उद्योग को ग्लोबल बनाने का निश्चय किया है। भारत सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में निवेश करना तथा वैज्ञानिकों को नई-नई टेक्नोलॉजी तथा रिसर्च के लिए प्रोत्साहन…

  • अपने अचार से देश का नाम रोशन करने वाली किसान चाची की कहानी !!

    अपने अचार से देश का नाम रोशन करने वाली किसान चाची की कहानी !!

    अगर सुबह-सुबह नाश्ते में पराठे के साथ किसी भी तरह का अचार मिल जाए। तो फिर नाश्ता करने में अलग हीं मजा आ जाता है। नानी और दादी के हाथ से बने हुए अचार की बात अलग हीं होती हैं। लेकिन हम लोगो को काम चलाने के लिये कभी-कभी मार्केट का भी अचार खाना पड़ता…